दीप्ति चौरसिया सुसाइड केस: कमला पसंद मालिक की बहू की संदिग्ध मौत

दीप्ति चौरसिया सुसाइड केस: कमला पसंद मालिक की बहू की संदिग्ध मौत

दिल्ली के वसंत विहार इलाके में कमला पसंद और राजश्री पान मसाला समूह से जुड़े कारोबारी परिवार की बहू दीप्ति चौरसिया की संदिग्ध मौत ने पूरे देश को हैरान कर दिया है। 40 वर्षीय दीप्ति मंगलवार की रात अपने कमरे में मृत मिलीं, और शुरुआती जांच में पुलिस ने इसे सुसाइड-संदिग्ध मामला बताया है। लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है, इस केस में कई नए मोड़ सामने आ रहे हैं।

दीप्ति चौरसिया, कमला पसंद मालिक की बहू, मृत मिली।
                                   दीप्ति चौरसिया, कमला पसंद मालिक की बहू, मृत मिली।

घटना कैसे हुई – पुलिस ने क्या पाया?

मामला 25 नवंबर की शाम सामने आया, जब घर के स्टाफ ने दीप्ति को उनके कमरे में बेहोश देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस को कमरे में एक दुपट्टा, पर्सनल डायरी और एक छोटा नोट मिला। शुरुआती नजर में यह एक आत्महत्या जैसा लगा, लेकिन कमरे की हालत और दीप्ति की पोज़िशन ने जांच को जटिल बना दिया। पुलिस सूत्रों का कहना है कि कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था, और फोर्स एंट्री करने के बाद ही टीम अंदर पहुंच सकी। यह बात भी जांच के दायरे में है कि आखिरी बार दीप्ति से किसी ने कब बात की और उनके फोन की अंतिम लोकेशन व चैट में क्या मिला है।

दीप्ति के नोट में क्या लिखा था?

घटना स्थल से मिला एक छोटा सा नोट सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस ने नोट का सटीक विवरण सार्वजनिक नहीं किया है, लेकिन जांच से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि नोट में दीप्ति ने रिश्तों में तनाव और भरोसे की कमी का जिक्र किया है। इस नोट में किसी का नाम नहीं लिखा गया है, जिससे मामला और उलझ गया है। क्या दीप्ति मानसिक तनाव में थीं? क्या घरेलू विवाद लंबे समय से चल रहा था? इन सवालों के जवाब अभी जांच का हिस्सा हैं।

परिवार के आरोपों से बढ़ी जांच की रफ़्तार

दीप्ति के भाई ने पुलिस को दिए बयान में गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि दीप्ति पिछले कई महीनों से घरेलू तनाव में थीं और उनका वैवाहिक जीवन ठीक नहीं चल रहा था। उन्होंने पति और ससुराल पक्ष पर मानसिक प्रताड़ना देने का आरोप लगाया है। वहीं, ससुराल पक्ष ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा है कि दीप्ति मानसिक रूप से कमजोर थीं और परिवार उनका पूरा ख्याल रखता था। परिवार के वकील ने भी बयान जारी कर कहा है कि “नोट में किसी का नाम नहीं है, इसलिए किसी को दोषी बताना गलत होगा।

सुसाइड नोट में दर्द और परेशानी का जिक्र।
                                 महिलाओं की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य जरूरी।

पोस्ट-मॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार – सबसे जरूरी कड़ी

पोस्ट-मॉर्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट इस केस की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शरीर पर किसी चोट, संघर्ष या ज़हर के निशान की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन मेडिकल टीम ने कहा है कि पूरी रिपोर्ट आने में 48–72 घंटे लग सकते हैं।
जब तक रिपोर्ट नहीं आ जाती, पुलिस आत्महत्या और हत्या—दोनों एंगल पर जांच कर रही है। CCTV फुटेज, मोबाइल डेटा, और कॉल रिकॉर्ड्स भी खंगाले जा रहे हैं।

दीप्ति कौन थीं? – परिवार और बैकग्राउंड

दीप्ति चौरसिया देश के पान मसाला उद्योग में प्रसिद्ध कमला पसंद समूह के मालिक कमल किशोर चौरसिया के परिवार की बहू थीं। शादी को कई साल हो चुके थे और उनके दो बच्चे भी हैं। रिश्तेदारों के अनुसार, दीप्ति शांत स्वभाव की और सामाजिक आयोजनों में कम दिखाई देने वाली महिला थीं। पिछले कुछ महीनों में उन्होंने कई कार्यक्रमों में हिस्सा नहीं लिया था, जिससे कयास लगाए जा रहे हैं कि वे किसी निजी संघर्ष से गुजर रही थीं।

क्या यह आत्महत्या है या कुछ और?

मामला अभी भी स्पष्ट नहीं है। नोट मिलने से आत्महत्या का एंगल मजबूत होता है, लेकिन परिवार के आरोप और कमरे में मिली डायरी इस मामले को जटिल बना देते हैं। डायरी में कई बार घरेलू कलह, अनबन और भावनात्मक संघर्ष का जिक्र है, जो पुलिस की जांच को एक और दिशा देता है।

पुलिस अब परिवार के सदस्यों के बयान दर्ज कर रही है, साथ ही घर के स्टाफ, पड़ोसियों और करीबी रिश्तेदारों से भी पूछताछ की जा रही है। मोबाइल चैट, वॉट्सऐप बैकअप, कॉल रिकॉर्ड और बैंक ट्रांजैक्शन भी बारीकी से देखे जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि 3–4 दिनों में तस्वीर काफी साफ हो जाएगी।